जिले में गेहूं उपार्जन की प्रक्रिया को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए कलेक्टर आशीष तिवारी एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं।
कटनी
मंगलवार को भीषण गर्मी और चिलचिलाती धूप के बीच कलेक्टर ने जिले के चार प्रमुख खरीदी केंद्रों— **बड़वारा, नन्हवारा सेझा, विलायतकला और अमाड़ी** का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि गेहूं खरीदी में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री तिवारी ने गुणवत्ता को लेकर विशेष गंभीरता दिखाई। अमाड़ी केंद्र पर उन्होंने न केवल व्यवस्थाएं देखीं, बल्कि खुद अपनी मौजूदगी में कुछ बोरियां खुलवाकर गेहूं के दाने चेक किए। उन्होंने केंद्र प्रभारियों को सख्त निर्देश दिए कि पंखा और छन्ना लगाकर गेहूं को पूरी तरह साफ करने के बाद ही उसकी तुलाई की जाए।
कलेक्टर ने केंद्रों पर मौजूद किसानों से आत्मीय चर्चा की। उन्होंने किसानों से पूछा कि उन्हें केंद्र पर पानी, छाया या तुलाई को लेकर कोई परेशानी तो नहीं हो रही है? साथ ही किसानों से उनके रकबे और गेहूं की मात्रा की जानकारी भी ली।
बढ़ाए गए कांटे: भीड़ को देखते हुए तौल कांटों की संख्या 4 से बढ़ाकर 6 कर दी गई है।
खरीदी के आंकड़े: जिले में अब तक 6,134 किसानों से 18,691 मीट्रिक टन गेहूं खरीदा जा चुका है।
स्लॉट बुकिंग:मध्यम और बड़े किसानों के लिए स्लॉट बुकिंग की तारीख बढ़ाकर 9 मई कर दी गई है। अब तक 24,743 किसान स्लॉट बुक कर चुके हैं।
बंपर दाम: इस बार किसानों को समर्थन मूल्य और बोनस मिलाकर कुल 2,625 रुपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान किया जा रहा है।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर के साथ सहायक कलेक्टर श्लोक वाइकर, जिला आपूर्ति अधिकारी सज्जन सिंह परिहार, तहसीलदार बड़वारा ऋषि गौतम और कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी यज्ञदत्त त्रिपाठी सहित अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।
कलेक्टर ने अपील की है कि किसान भाई केंद्रों पर एफएक्यू (FAQ) गुणवत्ता का साफ-सुथरा गेहूं ही लाएं ताकि उन्हें विक्रय में कोईअसुविधा न हो।




