जिला खनिज प्रतिष्ठान (DMF) मद से स्वीकृत विकास कार्यों को लेकर कलेक्टर आशीष तिवारी ने सख्त रुख अपनाया है।
कटनी
समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लेती-लतीफी या गुणवत्ता में कमी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक में जिला पंचायत सीईओ हरसिमरनप्रीत कौर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से जिले में चल रहे कुल 253 कार्यों का लेखा-जोखा देखा गया। वर्तमान में 92 कार्य प्रगतिरत हैं, जिनमें शामिल हैं:
ग्रामीण यांत्रिकी सेवा (RES):40 कार्य लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE): 22 कार्य जल संसाधन विभाग: 05 कार्य अन्य विभाग:25 कार्य
कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिन विकास कार्यों में अतिक्रमण की बाधा आ रही है, उन्हें तत्काल हटाया जाए। जो कार्य लंबे समय से लंबित हैं, उन्हें ‘प्राथमिकता’ के आधार पर पूरा करने और पूर्ण हो चुके कार्यों का पूर्णता प्रमाण पत्र (Completion Certificate) अनिवार्य रूप से जमा करने के निर्देश दिए गए।
समीक्षा के दौरान लोक निर्माण विभाग की कार्यपालन यंत्री श्रीमती शारदा सिंह सहित पीएचई और जिला शिक्षा केंद्र के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। कलेक्टर ने सख्त लहजे में कहा कि जनता के हित से जुड़े इन कार्यों में देरी का मतलब विकास को रोकना है।




