मझौली में गौशाला की बदहाल स्थिति पर बड़ा सवाल
मझौली जबलपुर
मझौली जनपद क्षेत्र के नरीला गांव में स्थित गोकुल गौशाला इन दिनों गंभीर अव्यवस्थाओं और लापरवाही का केंद्र बनी हुई है। लगातार मिल रही शिकायतों के बावजूद नियुक्त अधिकारी और कर्मचारी स्थिति सुधारने में पूरी तरह विफल नजर आ रहे हैं।
स्थानीय गौसेवकों और ग्रामीणों के अनुसार गौशाला में गायों की लगातार मौत हो रही है, जबकि उनके लिए न तो पर्याप्त भूसे की व्यवस्था है और न ही समुचित देखरेख की जा रही है। हालात इतने खराब हैं कि कई गायें भूख और बीमारी के कारण तड़प-तड़प कर दम तोड़ रही हैं।
इस गंभीर स्थिति को लेकर मझौली के गौसैनिक संगठन “सिद्ध शक्ति गौ शिवालय” के कार्यकर्ताओं—यश तिवारी, रामजी यादव, यश ठाकुर, शिवम प्रधान, सूर्यो चौधरी, सुनील कुशवाहा, हिमांशु शर्मा और सुनील यादव—ने गौशाला का निरीक्षण कर स्थिति पर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई बार संबंधित अधिकारियों को शिकायत दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
गौसैनिकों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि यदि समय रहते उचित व्यवस्था नहीं की गई तो और अधिक गौमृत्यु होने की आशंका है। उन्होंने तत्काल भूसे, पानी और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि गौशाला संचालन के नाम पर शासन से मिलने वाली राशि का सही उपयोग नहीं हो रहा है, जिसकी निष्पक्ष जांच होना आवश्यक है।
गौसेवकों और ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए, साथ ही गौशाला की व्यवस्थाओं को तत्काल सुधारा जाए।
अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस गंभीर मुद्दे पर कब तक संज्ञान लेता है या फिर बेबस गौवंश यूं ही मौत का शिकार होता रहेगा।




