मध्य प्रदेश शासन की खनिज माफियाओं के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत जबलपुर जिले की पाटन तहसील में एक बड़ी और सख्त कार्रवाई सामने आई है।
(पाटन/जबलपुर):
कलेक्टर राघवेंद्र सिंह के कड़े निर्देशों पर अमल करते हुए खनिज, राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने क्षेत्र में चल रहे अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया है। टीम ने ग्राम हरदुआ में अवैध रेत के विशाल भंडारण पर छापा मारकर पोकलेन मशीन जब्त की है, वहीं ग्राम गाड़ाघाट टोल के पास फर्जी बिल बुक के जरिए चल रहे अवैध कारोबार का भंडाफोड़ करते हुए पुलिस ने एफआईआर (FIR) दर्ज की है।
एक्शन में अमला: ग्राम हरदुआ में लावारिस मिली पोकलेन मशीन
खनिज अधिकारी ए.के. राय ने जानकारी देते हुए बताया कि एसडीएम पाटन सुश्री सृष्टि प्रजापति के मार्गदर्शन और एसडीओपी सिहोरा (IPS) आदित्य सिन्हारिया के नेतृत्व में संयुक्त टीम ने ग्राम हरदुआ में अचानक दबिश दी।
इस आकस्मिक निरीक्षण के दौरान मौके पर भारी मात्रा में (लगभग दो हाईवा) अवैध रेत का भंडारण पाया गया। इसके साथ ही उत्खनन में लगी एक कीमती **पोकलेन मशीन** भी लावारिस हालत में खड़ी मिली। अधिकारियों ने तत्काल मुस्तैदी दिखाते हुए अवैध रेत और पोकलेन मशीन को जब्त कर लिया और उसे आगामी आदेश तक पाटन थाना प्रभारी की सुपुर्दगी में दे दिया है। इस मामले में कलेक्टर को अंतिम प्रतिवेदन सौंपकर आगे की सख्त वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
फर्जी बिल बुक का भंडाफोड़, आरोपी पर मामला दर्ज
अवैध रेत पर कार्रवाई के तुरंत बाद संयुक्त टीम ने ग्राम गाड़ाघाट टोल के पास भी घेराबंदी की। यहाँ खनिज रेत के अवैध परिवहन और व्यापार के लिए धड़ल्ले से उपयोग की जा रही एक **फर्जी रसीद बुक बरामद की गई।
टीम ने मौके से गोविंद धुर्वे (पिता प्रकाश धुर्वे) को पकड़कर उसके पास से उक्त फर्जी बिल बुक जब्त की। शुरुआती जांच में यह पूरी तरह से फर्जी तरीके से सरकार को चूना लगाकर रेत का अवैध धंधा करने का मामला पाया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित आरोपियों के खिलाफ पाटन थाने में नामजद प्राथमिकी (FIR) दर्ज करा दी गई है।
इस महा-कार्रवाई में ये रहे शामिल
माफियाओं की रीढ़ तोड़ने वाली इस संयुक्त कार्रवाई में प्रशासनिक अमला मुस्तैद रहा, जिसमें मुख्य रूप से:
* तहसीलदार पाटन – सच्चिदानंद त्रिपाठी
* थाना प्रभारी पाटन – गोविंद सिंह राजपूत
* खनिज निरीक्षक – विवेकानंद यादव
* इसके साथ ही स्थानीय पटवारी, होमगार्ड महेंद्र पटेल समेत पुलिस, राजस्व और खनिज विभाग के अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।
प्रशासन की चेतावनी: खनिज विभाग ने साफ कर दिया है कि क्षेत्र में किसी भी प्रकार का अवैध उत्खनन या परिवहन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। फर्जी कागजातों के सहारे सरकार के राजस्व को नुकसान पहुंचाने वालों को सीधे जेल भेजा जाएगा।
ब्यूरो रिपोर्ट:
पाटन, जिला जबलपुर (म.प्र.)




