प्रशासन की सख्ती उस समय देखने को मिली जब अपर कलेक्टर अरविंद दुबे ने जनजातीय कार्य विभाग, जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय और जिला शिक्षा केंद्र में औचक निरीक्षण किया।
मंडला
इस कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में कर्मचारी कार्यालय से अनुपस्थित पाए गए, जिससे प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए।
जानकारी के अनुसार निरीक्षण के दौरान जनजातीय कार्य विभाग, जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय और जिला शिक्षा केंद्र में कुल 56 कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। अचानक हुई इस कार्रवाई से दफ्तरों में हड़कंप की स्थिति बन गई।
अपर कलेक्टर ने मौके पर ही अनुपस्थित कर्मचारियों की सूची तैयार कर सभी को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही स्पष्ट चेतावनी दी गई कि बिना सूचना के अनुपस्थित रहने वाले कर्मचारियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन ने यह भी संकेत दिया है कि आगे भी इसी तरह के औचक निरीक्षण जारी रहेंगे, ताकि कार्यालयों में अनुशासन और समयपालन सुनिश्चित किया जा सके।
अपर कलेक्टर ने कहा कि सरकारी कार्यालयों में समय पर उपस्थित रहना और जनता से जुड़े कार्यों को गंभीरता से करना सभी कर्मचारियों की जिम्मेदारी है। लापरवाही या अनुशासनहीनता किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।




