आज महाराजा छत्रसाल कन्वेंशन सेंटर, खजुराहो में औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन तथा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग के अंतर्गत 2 वर्ष में हुए कार्यों की समीक्षा की।
भोपाल
वन उपज का लाभ सीधे राज्य के ही श्रमिकों को मिले, इस दिशा में राज्य सरकार निरंतर क्रियाशील है।
दो वर्षों की प्रमुख उपलब्धियां- – राष्ट्रीय स्तर पर Ease of Doing Business की रैंकिंग में मध्यप्रदेश अग्रणी
– उद्योग, लॉजिस्टिक्स और निर्यात की 3 नई नीतियां लागू
– महिलाओं के लिए नाइट शिफ्ट में कार्य की अनुमति
– ₹2.48 लाख करोड़ के निवेश प्रस्तावों के लिए भूमि आवंटन पूर्ण, लगभग 2.85 लाख रोजगार का सृजन
– उद्योगों के विस्तार हेतु ₹4,977 करोड़ की सहायता और सुविधाएं वितरित
– 327 MSMEs और वृहद इकाइयों में उत्पादन प्रारंभ, 40,516 रोजगार का सृजन
– ₹18,685 करोड़ के 43 प्रोजेक्ट्स को कस्टमाइज्ड पैकेज स्वीकृत, 21,835 रोजगार का सृजन
– 26 नए औद्योगिक पार्क और क्लस्टर स्वीकृत
– 873 हेक्टेयर भूमि पर धार के PM MITRA Park में कार्य प्रारंभ
– 5,772 बेड क्षमता के 4 वर्किंग वुमन हॉस्टल स्वीकृत
– 5 नए क्षेत्रीय कार्यालय और कोयंबटूर (तमिलनाडु) में व्यापार विस्तार कार्यालय की स्थापना
– हर जिला कलेक्टर कार्यालय में निवेश केंद्र की स्थापना




