माननीय मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सहित मंत्रिपरिषद के वरिष्ठ सदस्य मौजूद रहे, जिससे आगामी सत्र को लेकर सरकार की गंभीरता और तैयारी स्पष्ट नजर आई।
भोपाल
बैठक के दौरान आगामी बजट सत्र की कार्यवाही की विस्तृत रूपरेखा तय की गई।
सदन के सुचारु, मर्यादित और प्रभावी संचालन विधायी कार्यों के निर्धारण तथा जनहित से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर गहन चर्चा की गई।
अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने सभी पक्षों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि बजट सत्र लोकतांत्रिक विमर्श का सर्वोच्च मंच है, जहां सार्थक बहस और ठोस निर्णय अपेक्षित हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार का फोकस विकास, सुशासन और जनकल्याण पर केंद्रित रहेगा। बजट सत्र के माध्यम से राज्य की आर्थिक दिशा तय होगी और जनता की अपेक्षाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार हर मुद्दे पर सदन में खुली और सकारात्मक चर्चा के लिए तैयार है।
बैठक में वरिष्ठ मंत्री कैलाश विजयवर्गीय सहित मंत्रिपरिषद के अन्य सदस्य भी शामिल हुए। सभी ने इस बात पर सहमति जताई कि सत्र के दौरान जनता से जुड़े सवालों का त्वरित और तथ्यपरक उत्तर दिया जाए, ताकि सदन की गरिमा बनी रहे।
कुल मिलाकर, बजट सत्र से पहले हुई यह कार्यमंत्रणा समिति की बैठक यह संकेत देती है कि सरकार और विधानसभा नेतृत्व संगठित रणनीति और स्पष्ट एजेंडे के साथ सदन में उतरने जा रहे हैं, जहां विकास और जनहित मुख्य धुरी होंगे।




