सागर जिले की बंडा तहसील में प्रशासन की सख्ती, सुस्त कार्यशैली पर कड़ा प्रहार
बंडा (सागर)।
मध्य प्रदेश के सागर जिले की बंडा तहसील में शासकीय कार्यों के प्रति गंभीर लापरवाही उजागर होने पर प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। तहसील में पदस्थ पटवारी स्वाति जैन को कलेक्टर संदीप जीआर के आदेश से तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई तहसीलदार के प्रतिवेदन के आधार पर की गई, जिसमें उनके विरुद्ध लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए।
प्रशासनिक जांच और औचक निरीक्षण में सामने आया कि किसान हित से जुड़ी फॉर्मर आईडी बनाने के कार्य में पटवारी स्वाति जैन की प्रगति अत्यंत निराशाजनक रही। जहां उन्हें 1309 किसानों की आईडी तैयार करने का लक्ष्य दिया गया था, वहीं उन्होंने महज 262 आईडी ही बनाई। कई गांवों में बड़ी संख्या में आवेदन लंबित पाए गए, जिससे किसानों को शासकीय योजनाओं का लाभ मिलने में भारी परेशानी उठानी पड़ी।
इतना ही नहीं, पटवारी पर ड्यूटी से बिना सूचना अनुपस्थित रहने तथा सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों का समय-सीमा में निराकरण न करने जैसे गंभीर आरोप भी सिद्ध हुए। ग्रामीणों की लगातार शिकायतों और कार्य के प्रति उदासीन रवैये को प्रशासन ने “घोर लापरवाही” की श्रेणी में माना।
प्रशासनिक आदेश के अनुसार, निलंबन अवधि में स्वाति जैन का मुख्यालय बंडा तहसील कार्यालय निर्धारित किया गया है। साथ ही उनके हल्के का अतिरिक्त प्रभार पटवारी खुमान अहिरवार (हल्का – गनयारी) को सौंपा गया है, ताकि किसानों से जुड़े कार्य प्रभावित न हों।
इस कार्रवाई से स्पष्ट संदेश गया है कि किसान हितों और जनसेवा से जुड़े कार्यों में लापरवाही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन की यह सख्ती न सिर्फ व्यवस्था सुधारने की दिशा में कदम है, बल्कि अन्य कर्मचारियों के लिए भी कड़ी चेतावनी मानी जा रही है।




