राष्ट्रीय ध्वज तिरंगे के अपमान का एक बेहद गंभीर और शर्मनाक मामला मझौली जनपद की ग्राम पंचायत टिकुरी से सामने आया है, जिसने पूरे क्षेत्र में आक्रोश फैला दिया है।
मझौली जबलपुर
आरोप है कि ग्राम पंचायत टिकुरी की सरपंच सीता देवी चौकसे के पति एवं शासकीय विद्यालय में पदस्थ शिक्षक श्री कौशल चौकसे ने 26 जनवरी 2026 को आयोजित गणतंत्र दिवस के शासकीय समारोह के दौरान राष्ट्रीय ध्वज का सार्वजनिक रूप से अपमान किया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, समारोह के दौरान श्री चौकसे ने तिरंगे को हाथ में लेकर उसे नीचे गिराया और पैरों से रौंदने का प्रयास किया। हालांकि वे अपने प्रयास में सफल नहीं हुए, लेकिन उनकी मंशा और आचरण ने देशभक्ति पर गहरा सवाल खड़ा कर दिया है। इस पूरी घटना का चलित वीडियो और फोटोग्राफ सामने आए हैं, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले 15 अगस्त 2025 को भी स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सरपंच दंपत्ति द्वारा राष्ट्रीय ध्वज के अपमान का आरोप लग चुका है, जिस पर मध्यप्रदेश पंचायत राज अधिनियम की धारा 40 के तहत नोटिस जारी किया जा चुका है और जांच प्रक्रिया अभी भी जारी बताई जा रही है।
स्थानीय नागरिकों ने इस कृत्य को घृणित, आपराधिक और राष्ट्रविरोधी मानसिकता का परिचायक बताते हुए जिला प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है। लोगों का सवाल है कि जब एक शासकीय शिक्षक ही तिरंगे का सम्मान नहीं करेगा, तो भावी पीढ़ी को देशभक्ति का पाठ कौन पढ़ाएगा?
अब निगाहें जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग पर टिकी हैं कि क्या राष्ट्रीय ध्वज के अपमान जैसे गंभीर मामले में दोषियों पर कठोर कानूनी कार्रवाई होगी, या फिर मामला फाइलों में दबकर रह जाएगा।




