सुशासन और नैतिक नेतृत्व पर हुआ संवाद
भोपाल —
प्रशासन अकादमी में प्रशिक्षणरत भारतीय विदेश सेवा (IFS) के 5 अधिकारियों ने पुलिस मुख्यालय, भोपाल में पुलिस महानिदेशक (DGP) श्री कैलाश मकवाणा से शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर डीजीपी श्री मकवाणा ने सभी प्रशिक्षु अधिकारियों का आत्मीय स्वागत किया और उन्हें मध्यप्रदेश पुलिस की संगठनात्मक संरचना, कार्यप्रणाली तथा जिम्मेदारियों की विस्तृत जानकारी दी।
मुलाकात के दौरान डीजीपी ने अपने दीर्घ सेवा अनुभवों को साझा करते हुए प्रशासनिक सेवाओं में नैतिक मूल्यों को आत्मसात करने ईमानदारी और निष्पक्षता के साथ कार्य करने जनसेवा की भावना, नेतृत्व की जिम्मेदारी तथा अधीनस्थ स्टाफ के प्रति संवेदनशील व्यवहार के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि प्रभावी प्रशासन के लिए केवल नियम ही नहीं, बल्कि मानवीय दृष्टिकोण भी उतना ही आवश्यक है।
डीजीपी श्री मकवाणा ने जिलों में अपनी पदस्थापना के अनुभवों के आधार पर त्वरित निर्णय क्षमता प्रभावी कार्रवाई तकनीक आधारित पुलिसिंग, साइबर अपराध से निपटने की रणनीति मादक पदार्थों के विरुद्ध अभियान आंतरिक सुरक्षा और जन-विश्वास को सुदृढ़ करने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर प्रशिक्षु अधिकारियों के साथ सार्थक संवाद किया।
कार्यक्रम के अंत में डीजीपी ने सभी युवा IFS अधिकारियों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि ये अधिकारी अपने आचरण, कार्यशैली और नेतृत्व क्षमता के माध्यम से समाज में सकारात्मक परिवर्तन की प्रेरणा बनेंगे और प्रदेश तथा देश को गौरवान्वित करेंगे।




