डिजिटल इंडिया और सुशासन के दावों के बीच जमीनी हकीकत कितनी संवेदनहीन हो सकती है, इसकी बानगी कटंगी (वार्ड क्रमांक 06) में देखने को मिली।

93 वर्ष की अति-बुजुर्ग राधा बाई पिछले 4 महीनों से अपनी वृद्धावस्था पेंशन की एक-एक पाई के लिए बैंकों के चक्कर काटने को मजबूर हैं।

कटंगी (जबलपुर)

क्या है पूरा मामला?

 * बिना सूचना खाता बदला: प्रशासन और सिस्टम की लापरवाही के चलते राधा बाई की पेंशन बिना किसी पूर्व सूचना के यूनियन बैंक की बजाय स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के एक ऐसे खाते में ट्रांसफर कर दी गई, जो वर्षों से बंद (डॉर्मेंट) पड़ा था।

 * बायोमेट्रिक की मार: 93 वर्ष की उम्र होने के कारण बुजुर्ग महिला की उंगलियों के निशान (फिंगरप्रिंट) मशीन पर नहीं आ रहे हैं।

 * 3 दिन की मशक्कत, फिर भी मिला ‘5 दिन का इंतजार’: लगातार 3 दिनों तक स्थानीय सहयोग से बैंक की तमाम औपचारिकताएं और जरूरी कागजी कार्रवाई पूरी कराई गई। इसके बावजूद बैंक प्रबंधन ने तुरंत राहत देने के बजाय दो टूक कह दिया कि “पैसे 5 दिन बाद मिलेंगे।”

सिस्टम पर खड़े होते गंभीर सवाल

 * कड़कड़ाती धूप, बारिश और गिरते स्वास्थ्य के बीच क्या 93 साल की महिला में 5 दिन और भटकने की शारीरिक क्षमता बची है?

 * जब नियमों में बायोमेट्रिक न आने पर ‘अपवाद श्रेणी’ (Exception Category / Non-Biometric Alternate) और मैनुअल सत्यापन के जरिए भुगतान का प्रावधान है, तो बुजुर्ग महिला को तत्काल राहत क्यों नहीं दी गई?

 * क्या अति-वृद्ध नागरिकों के लिए बैंकों और स्थानीय प्रशासन में मानवीय संवेदना पूरी तरह समाप्त हो चुकी है?

प्रशासन और बैंक प्रबंधन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग

मामले को लेकर माननीय मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO MP), जबलपुर कलेक्टर, संभागायुक्त और स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के उच्चाधिकारियों से मांग की गई है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए संज्ञान लें और राधा बाई की रुकी हुई पेंशन का भुगतान आज ही सुनिश्चित कराया जाए।

सुंदरलाल बर्मनhttps://majholidarpan.com/
Sundar Lal barman (41 years) is the editor of MajholiDarpan.com. He has approximately 10 years of experience in the publishing and newspaper business and has been a part of the organization for the same number of years. He is responsible for our long-term vision and monitoring our Company’s performance and devising the overall business plans. Under his Dynamic leadership with a clear future vision, the company has progressed to become one of Hindi e-newspaper , with Jabalpur district.

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